KARMCHARI SANGH

KARMCHARI SANGH

NREGA KARMCHARI SANGH UTTAR PRADESH
Mr. Kamlesh Kumar Gupta - Pradesh Prabhari (Gram Rojgar Sevak Sangh U.P.)
Mr. Devendra Pratap Shahi - Pradesh Adhyaksha (Gram Rojgar Sevak Sangh U.P.)
Mr. Bhupesh Kumar Singh - Pradesh Mahamantri (Gram Rojgar Sevak Sangh U.P.)
Mr. Vishnu Pratap Singh - Pradesh Sangthan Mantri (Gram Rojgar Sevak Sangh U.P.)
Mr. Vinay Dwivedi- Pradesh Adhyaksha ( NREGA Karmik Sangh U.P.)
हमारा सन्देश

प्रिय साथियों व मित्रगण
नरेगा उत्तर प्रदेश कर्मचारी संघ आप का हार्दिक स्वागत व अभिनन्दन करता है


हम आप के आभारी है
यु० पी० नरेगा कर्मचारी संघ
हम सब एक है

हम सब एक है

उत्तर प्रदेश मनरेगा कर्मचारी संघ - जिंदाबाद- जिंदाबाद

दिल्ली वार्ता

सफल वार्ता

सफल वार्ता

दिल्ली में हुई सफल वार्ता की झलकिया
सफल वार्ता

सफल वार्ता

दिल्ली में हुई सफल वार्ता की झलकिया
ज्ञापन पत्र  52.75kB
28 फेरबरी को हमारी वार्ता मंत्रालय के साथ सफल रही है.मंत्रालय हमारे काम में लग गयी है.कल हमारी वार्ता माननीय मंत्री जयराम रमेश,परदीप जैन आदित्य, लोक लेखा समिति की सदस्या अरुणा रॉय जी के साथ एक टेबल पर हुई है. लोगो ने स्वीकार किया है की मनरेगा कर्मियों को नियमित होना जरूरी है.मंत्रालय ने १३ अप्रैल २०१३ तक का समय माँगा है.आशा है की जल्द ही मंत्रालय से सुभ समाचार की घोसना की जाएगी.आपकी एकता के कारन ही ये सम्भब हुआ है ! १३ अप्रैल को यदि ग्राम्य विकास विकास मंत्रालय ,भारत सरकार ने हम नरेगा कर्मियों के हित में निर्णय लेती है तो हम तन मन धन से सरकार के प्रचारक के रूप में कार्य करेंगे और सरकार के उज्वल भविष्य हेतु पूर्ण समर्थन देंगे अन्यथा .......................................................... ?

क्या हम नियमित होने योग्य है ?

हाँ (1578 | 89%)
नहीं (77 | 5%)
इस फार्म को सावधानी पूर्वक भरे तथा Submit करने के बाद ५-१० मिनट इंतज़ार करे जब तक की कन्फर्मेशन मैसेज न मिल जाये !
दोस्तों!
क्या आप ने मछली को तैरते हुए देखा है ?
शायद आप का जवाब हो, हाँ
पर हम यहाँ आप को अस्वस्त कर देना चाहते है की आप नदी,तालाब ,पोखरे
या अन्य किसी स्थल पर तैरते हुए मछली को देखे होंगे जो पूरी तरह स्वस्थ
और स्वतंत्र होती है,पर हमारी स्थिति इसके विपरीत चुल्लू भर पानी में तड़पने
वाली मछली के सामान है और ऊपर से यह चिलचिलाती धुप और चुल्लू भर
पानी को भी सुखाता ( अवशोषित करता ) हुआ सूर्य !
हम बात कर रहे है अपनी जिसे समुन्द्र नदी और तालाब तो नहीं मिला है
किन्तु भूख और पेट तो हमारे भी उन्ही मछलियों के सामान है, सच कहे तो आज
इस स्थिति में है की हमें विगत दिनों/महीनो से चुल्लू भर पानी भी नहीं मिल रहा है ,

" पर अब हम एक है और पुर्णतः संगठित है और हम इसी तरह मिल कर कार्य करते रहे तो वो दिन दूर नहीं जब नदी में तैरेंगे ही नहीं बल्कि समुन्द्र भी प्राप्त कर सकते है !"



MNREGA Karmchari sangh
Uttar Pradesh ( India )
 चल रहे कार्य :

चल रहे कार्य :

विभिन्न स्थलों पर चल रहे कार्यो की एक झलक
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